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Thursday, March 23, 2017

Unknown

Agricultural subsidies ke liye kisan online aavedan kese kare hindi me janakari

नमस्कार माय किसान दोस्तों,
आज हम आपके लिए बहुत ही बढ़िया जानकारी ले कर आयें है। आज की इस पोस्ट में हम बात करेंगे

Agricultural subsidies ke liye kisan online aavedan kese kare

subsidies का मतलब हिंदी में अनुदान होता है। किसानों को खेती करने के लिए आवश्यक संसाधन एवं वस्तुओं  यंत्रो की खरीदी में सरकार की तरफ से दी जाने वाली आर्थिक छूट अनुदान सहायता(subsidies) कहलाती है। कृषि कार्य के लिए ऑनलाइन सब्सिडी आवेदन कैसे करे ये जानने से पहले हम इससे जुड़े  महत्व पूर्ण विषय में चर्चा करेंगे।
1 किसान सरकारी सब्सिडी क्यों ले इसका क्या फ़ायदा होगा।
2 किसान सब्सिडी अनुदान के लिए किस विभाग में आवेदन करे।
3 किसानों को सब्सिडी किन वस्तुओं पर मिल सकती है।
4 online आवेदन करने के लिए किसान को किन document कागज़ात की आवश्यकता होगी।
5 घर बैठे सब्सिडी के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करे।
mkd यानि my kisan dost के पाठक इस पोस्ट को पूरी और लास्ट तक  ध्यान से पढ़े और सरकारी योजना का सही तरीके से लाभ ले पाए।

1 किसान सरकारी सब्सिडी क्यों ले इसका क्या फ़ायदा होगा। 

दोस्तों जैसा की हम सभी किसान जानते है की आज खेती करने में मुनाफ़े की तुलना में लागत कई ज्यादा आती है। आज खेती से जुड़े सभी तरह के यंत्र और संसाधन काफी ज्यादा कीमत के है।  जैसे ट्रैक्टर,सीड ड्रिल ,थ्रेशर,स्प्रिंकलर,ड्रिप आदि कई सारे उपकरण जो की किसान आसानी से नही ख़रीद पाते है।और खरीदते भी है तो कर्ज लेना पड़ता है चाहे बैंक से ले या साहूकार से। दोस्तों आज के समय में हमे खेती को बिज़नेस की तरह करना पड़ेगा वर्ना हम ज्यादा लाभ खेती से नही ले पाएंगे। दोस्तों हर साल देश में केंद्र सरकार और राज्य सरकारें कृषि बजट बनाती है। ताकि किसान अधिक उन्नति और विकास कर सके लेकिन हम जानकारी के अभाव में सब्सिडी सरकारी अनुदान का लाभ नही ले पाते है। और नुकसान उठाते है।सब्सिडी से फ़ायदा- मान लो की हमें सिंचाई के लिए पाइप की आवश्यकता है जो की मार्केट में एक लाख रूपये की लागत के आ रहे है। आप थोड़ी मेहनत कर के जानकारी हासिल कर सब्सिडी में लाये और उन पर आपको 30% छूट सब्सिडी मिल जाये तो आपके 30000 रूपये की बचत होगी। उन पैसों को आप अच्छे बीज खाद् या अन्य जगह लगाकर फ़ायदा ले सकते हो। इसलिए किसान दोस्तों हमें सरकारी सब्सिडी का सही और पूरा लाभ लेना चाहिए।

2 किसान सब्सिडी अनुदान के लिए किस विभाग में आवेदन करे। 

वैसे तो भारत में कृषि से जुड़े हुए कई सारे विभाग है। जो किसानों को अलग अलग तरीके से कई प्रकार की सब्सिडी उपलब्ध करवाते है। आज में आपको ऐसे ही तीन विभागों के बारे में बताएंगे  जिससे आपको अच्छा अनुदान मिल सकता है।
1 कृषि विभाग
2 कृषि अभियांत्रिकी विभाग
3 उद्यानिकी विभाग
इन तीन विभाग के ऑनलाइन आवेदन करने की प्रक्रिया जानेंगे

3 किसानों को सब्सिडी किन वस्तुओं पर मिल सकती है।  

यहाँ में आपको आसानी से समझाने के लिए विभाग के अनुसार बता रहा हु
1 कृषि विभाग मे-
सिंचाई यंत्र जैसे
 स्प्रिंकलर ,ड्रिप,पाइप लाइन,पंप सेट,रेनगन आदि ।
स्वचालित कृषि यंत्र जैसे
 प्रोपेल्ड,रीपर,राउंड बेलर,हार्वेस्टर,फर्टिलाइजर,स्पेंडर न्यूमेटिक प्लांटर  आदि।
ट्रैक्टर चालित यंत्र जैसे
 थ्रेशर,पेड़ी थ्रेशर,कल्टीवेटर,सीडड्रिल,एरोबलास्ट स्पेयर,डिस्क प्लाऊ,लेवेलर डिस्क हैरो,रीपर मूवर,पोटेटो प्लांटर आदि।
2 कृषि अभियांत्रिकी विभाग में-
रेज्ड बेड प्लांटर,मल्टीकाप प्लांटर,हैप्पी सीडर,रीपर कम बाइंडर,मेज थ्रेशर,जीरोटिलेज सीड कम फर्टिलाइजर ड्रिल आदि।
3 उद्यानिकी विभाग में-
औषधीय फसलो पर,प्याज़ भंडार ग्रह, फूलों की खेती के लिए,बाग़वानी फलो के बगीचों के लिए,प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना(M.I.S.)
मसाला फसलो के लिए,मधुमधुमक्खी पालन के लिए,सब्जियों की खेती के लिए और भी कई सारे एवं इन खेती से जुड़े यंत्र जैसे प्लास्टिक मल्च ड्रिप खाद् बीज आदि पर अनुदान उपलब्ध करवाते है
NOTE- ऊपर लिखी वस्तु यंत्र में परिवर्तन होता रहता है। ये राज्य में जिले के कोंटे और बजट के अनुसार पहले आओ पहले पाओ या उपलब्ध संख्या एवं अन्य किसी नियम के अनुसार उपलब्ध होते है।

4 online आवेदन करने के लिए किसान को किन document की आवश्यकता होगी। 

1 लैपटॉप या कम्प्यूटर
2 प्रिंटर स्कैनर
3 पासपोर्ट साइज़ फोटो(केवल JPEG फाइल साइज 50KB से अधिक ना हो)
4 फोटो आइ डी (आधार कार्ड /वोटर कार्ड इन्हें स्क्रीन कर PDF फ़ाइल में 700KB से अधिक साइज ना हो
5 बैंक की पास बुक का पहला पेज ( को स्क्रीन कर ले PDF फाइल 700KB तक IFSC कोड साफ दिखाई दे
6 खसरा दस्तावेज़ (स्क्रीन कर PDF  फाइल साइज 700KB तक
7 जाती प्रमाण पत्र PDF फाइल साइड 700KB तक (केवल अनुसूचित जाती /अनुसूचित जन जाती के लिए
ऊपर दिए गए दस्तावेज़ की सही साइज को सेट कर अपने कंप्यूटर में सेव कर ले नीचे दिए गए तरीके को ध्यान पूर्वक समझे

5 घर बैठे सब्सिडी के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करे।  

सबसे पहले कंप्यूटर में वेब ब्राउज़र खोले उसमे गूगल सर्च इंजन में ये पाँच शब्द सर्च करे -MPFTS -
ये सर्च करने पर आपकी स्क्रीन पर MPFTS की वेबसाइट mpfsts.mp.gov.in/ आ जाएगी आप उसे खोले उसके खुलने पर आपको मध्यप्रदेश फार्मर्स सब्सिडी ट्रेकिंग सिस्टम का  होम  पेज आपको दिखाई देगा पेज में हिंदी में लिखा हुआ दिखेगा नीचे साइड पर आवेदन के लिए यूज़र गाइड है आप उसे डाउनलोड कर के पड़ भी सकते है।
अब आपको वेबसाइट पर पंजीयन के लिए विभाग चुनने है नीचे तीन विभाग बताये गए है आप कृषि विभाग,कृषि अभियांत्रिकी या उधानिकी में से किसी भी विभाग को सेलेक्ट कर सकते हो
में यहाँ आपको डेमो दिखाने के लिए कृषि विभाग को चुना है उसे सेलेक्ट करने पर आपके सामने एक नया पेज खुलेगा उस पर दो ऑप्शन दिखाई देगे
1 नवीन पंजीयन के लिए क्लिक करे
2 पंजीयन स्टेटस की जानकारी प्राप्त करे। यदि आपने पंजीयन करवा रखा हो तो आप पंजीयन संख्या डाल कर अपनी जानकारी देख सकते हो
यदि पंजीयन नही है तो आप पहले वाले ऑप्शन पर क्लिक करे क्लिक करने के बाद आपके सामने एक फार्म खुलेगा उसे आप भरे अच्छे से समझने के लिए आप नीचे फोटो देख सकते है कैसे भरना है।
sarkari subsidi
online aavedan 

फॉर्म में आप अपने हिसाब से भरे जैसे मैने मेरे लिए भरा है।
1 डिविज़न भरे जैसे मैने उज्जैन भरा आप आपका जो भी हो वो भरे
2 अपना ज़िला भरे
3 अपना ब्लाक तहसील भरे
4 आप किस आयटम पर सब्सिडी चाहते हो भरे जैसे सिंचाई या अन्य
5 उसका सब आइटम भरे जैसे ड्रिप पाइप लाइन आदि
6 आपका वर्ग भरे जैसे सामान्य/अनुसूचित जाती आदि जो भी हो
7 अपना लिंग भरे महिला/पुरुष
सही सही जानकारी भरने के बाद अगले पृष्ठ के लिए क्लिक करे
अगले पेज पर आपको एक और फॉर्म भरना है उसमे आपको
1 किसान का नाम
2 पिता या पति का नाम
3 अपने गाँव का नाम भरे
4 फिर अपना पता भरे
5 आपका मोबाईल NO डाले
6 आपकी ईमेल भरे नही हो तो खाली छोड़ दे।
7 अधिकृत जमीन बताये हेक्टेयर में
8 कितनी जमीन पर सिंचाई होती है वो भरे हेक्टेयर में
9 सिंचाई किस से होती है वो लिखें तालाब/कूवा आदि
10 आपका बैंक किस श्रेणी का है उस पर टिक लगाए
11 बैंक का नाम उसकी शाखा जहाँ बैंक हो वो और सही सही बैंक खाता संख्या भरे
पूरा फॉर्म चेक करने के बाद आप अगले पृष्ठ पर क्लिक करे।
subsidi for photo uplod
uplod your document

अब आपके सामने पेज पर दस्तावेज़ अपलोड करना है जो पहले अपनों ने स्क्रीन कर सेव कर रखे है
1 अपना फोटो अपलोड करे
2 अपना आधार कार्ड या वोटर आई डी अपलोड करे
3 बैंक पास बुक को अपलोड करे
4 खसरा दस्तावेज़ अपलोड करे
ये सब बताई गयी साइज में अपलोड कर ले फिर अगले पृष्ठ की और बड़े यदि आपने सही साइज में
अपलोड नही किया तो आप आगे नही भर पाओगे
अगले पृष्ठ पर आपके द्वारा भरी गयी जानकारी और फोटो आदि पूरा विवरण आ जायेगा उसे चेक कर
समिट करे समिट करने के बाद आपको एक पंजीयन संख्या मिलेगी उसे आप संभाल कर कही लिख दे।
और पंजीयन हुआ फॉर्म आपके सामने होगा उसका प्रिंट निकाल ले
agriculture online from
पंजीकृत फार्म 

उस पंजीयन के प्रिंट और अपलोड किये हुए दस्तावेज़ को ले कर आप अपने जिले के सम्बन्धित विभाग में जमा करा दे ताकि जल्दी सत्यापित किया जा सके।
आपके दस्तावेज़ अधिकारियों द्वारा सत्यापित होने के बाद आपके मोबाईल पर SMS आयेगा उसके बाद
आशय पत्र ले कर आप जो भी खरीदना है या जिस पर सब्सिडी दी गयी उनके पक्के बिल और अन्य आवश्यक जो भी विभाग के ज़िला ऑफिस में बताये हो उन्हें वेरिफिकेशन के दौरान अधिकारी को जमा
करा दे पूर्ण जाँच होने के बाद सब्सिडी की रकम आपके द्वारा दिए गए बैंक में जमा हो जाएगी।
ऑनलाइन फॉर्म भरना बहुत ही आसान है क्यों की पूरा ऑनलाइन फार्म हिंदी में है।
यदि आपको फॉर्म में दिक्कत आयें तो आप m.p. online कियोस्क से भी भरवां सकते है वो कुछ नॉर्मल
चार्ज लेगा ।
note दोस्तों ये जानकारी मध्यप्रदेश के किसान के हिसाब से बतायी गयी है अलग अलग राज्यों में अलग
वेबसाइट या प्रक्रिया के जरिये आप सब्सिडी का लाभ ले सकते है बेहतर जानकारी के लिए आप अपने जिले के कृषि विभाग कृषि अभियांत्रिकी विभाग और उधानिकी विभाग के अधिकारी से संपर्क करे ।
दोस्तों आपको यह पोस्ट कैसी लगी हमें नीचे कॉमेंट कर जरूर बताएं हमारी जानकारी आप फेसबुक पर भी ले सकते है उसके लिए हमारा फेसबुक पेज और ग्रुप join  करे।
 इस जानकारी को अपने दोस्तों को शेयर करने के लिए नीचे शेयर बटन से करे। 
                         ➦जय जवान ➥जय किसान ➥जय विज्ञान 

क्या आपको ये जानकारी पता है नही तो क्लिक कर पोस्ट पढ़े । 

➤ मुख्यमंत्री कृषक जीवन कल्याण योजना के बारे में 
➤ सरकार की कृषि विपणन  योजना की जानकरी 
➤ प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना  
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Wednesday, August 17, 2016

my kisan dost

खेती करने के लिए भारतीय किसानो के देसी जुगाड़ kheti krne ke liye top 10 desi jugad

खेती करने के लिए भारतीय किसानों के 10 best देशी जुगाड़ 

कहा गया है की आवश्यकता आविष्कार की जननी  है। जब जब इंसान की आवश्यकता होती है। तब तब नये आविष्कार होते है। आविष्कार करने में अब सिर्फ वैज्ञानिक ही नही बल्कि भारतीय किसान भी बहुत आगे आ गये है। बस उनके पास संसाधनों की कमी के चलते वो देसी जुगाड़ बना लेते है।
भारतीय जुगाड़ की परिभाषा:-
अपने आसपास मौजूदा समान से निर्माण की गयी सस्ती विधि से उपयोग में लाए जाने वाले औजार या आवश्यकता की वस्तु को जुगाड़ कहा जाता है। सरल तरीके से समझे तो देसी तरीके से सस्ते सामानों से बनाई गयी
या कामचलाऊ विधि को जुगाड़ कहा जाता है। भारत में आपको हर तरफ कई सारे जुगाड़ दिख जायेंगे ।
आज की इस पोस्ट में हम किसानों के द्वारा खेती के उपयोग में लाये जाने वाले जुगाड़ की बात करेंगे।
बाइक bike पर बने जुगाड़:-
1 जुताई करने के लिए जुगाड़:-
My kisan dost jugad
जुताई करने के लिए baike पर देसी जुगाड़

अक्सर देखा गया है की खेत में जुताई करने के लिए बेल या ट्रैक्टर से जुताई हकाई की जाती है। लेकिन इन किसान भाई के पास दोनों ही नही है। लेकिन खेती करने के लिए इन्होंने अपनी baike को ही ट्रैक्टर बना लिया ओर इस जुगाड़ की विशेषताएँ तो देखो इसमें देशी लिफ्ट भी लगी हुई है ताकि मेड पर टिलर को आसानी से उठा कर मोटरसाइकल को घूमा सके।
2 फसल करपने के लिए जुगाड़ :-
खेती के लिए jugad
कुरपने के लिए bike का देशी jugad

बेलो की संख्या लगातार घटती जाने के कारण काफी जगह baike से कुर्पने के जुगाड़ बन गये है। इन भारतीय किसानों के जुगाड़ से खेतो में आसानी से खरपतवार को खत्म किया जा रहा है। इन का उपयोग मध्यप्रदेश में भारी संख्या में किया जा रहा है।
3 इल्ली मारने के लिए जुगाड़ :-
खेती में जेविक जुगाड़
इल्ली मारने का देसी jugad

M.p. में मंदसौर जिले की सुवासरा तहसील में पूर्व विधायक जो की एक किसान है। श्री राधेश्याम जी पाटीदार ने इल्ली को मारने के लिए एक जैविक तरीका अपनाया है। जिसके चलते हजारों रूपये की रासायनिक दवाओं से निजात मिली है। पाटीदार जी ने बाइक के नीचे एक बास का डंडा बाद के कुर्पने का प्रयोग किया जिससे फसल पर बेटी इल्ली सबसे पहले बॉस के टकराएँगीं उसके बाद जमीन पर गिरेगी और कुर्पे से मिटटी में मिल कर नष्ट हो जाएगी इस खेती की नई तकनीक से 80% इल्ली का सफाई हो जाता है इसका उपयोग कुरपते समय ट्रैक्टर baike पर आसानी से किया जा सकता है। इस प्रयोग से काफी किसानों को लाभ मिला।
4 सिंचाई के लिए जुगाड़ :-
खेती में top 10 jugad
सिंचाई का जुगाड़

खेती में सिंचाई करने के लिए सबसे आवश्यक है। बिजली क्यों की बिजली से विधुत मोटर चला कर सिंचाई की जाती है। लेकिन इसी बहुत सी जगह है जहाँ पर लाइट नही होने से सिंचाई नही हो पाती है। इसे में इस किसान ने बाइक के पिछले टायर को खोल कर उसमे बेल्ट लगा कर पानी के पंप से कनेक्शन कर सिंचाई के लिए जुगाड़ बना दिया कमाल किया है अपने किसान भाई ने।
5 दवाई छिड़कने के लिए जुगाड़:-
जुगाड़ my kisan dost bhagat singh jat
सोयाबीन पर दवाई स्प्रे करने का jugad
नीमच जिले की जावद तहसील के छोटे से गाँव नानपुरिया निवासी भगत सिंह जाट जो की वर्तमान में my kisan dost के सक्रिय सदस्य है। वो बचपन से ही जुगाड़ी व्यक्ति है। उन्होंने खेती में कई सारे जुगाड़ बनाये जेसे कुर्पने जुताई के अभी उन्होंने सोयाबीन पर दवाई छिड़कने के लिए baike पर जुगाड़ बनाया है। इस जुगाड़ से एक साथ 12 नोजल से दवाई का स्प्रे होता है। और जल्दी कार्य निपट जाता है। इस जुगाड़ को बना कर उन्होंने समय के साथ साथ मज़दूरों की लागत को भी कम किया है। 
माल या बोज समान ढोने के जुगाड़
6 किसान गाड़ी का जुगाड़:-
kisano ke jugad gadi
जुगाड़ किसान गाड़ी 

किसान गाड़ी का नाम तो शायद ही ऐसा कोई किसान ना होगा जिसने नही सुना होगा यह एक ऐसा जुगाड़ है जो की किर्लोस्कर इंजन से बना होता है। और इसका उपयोग किसान खेतो से चारा फसल गन्ने  धान की बोरियों आदि लाने के साथ साथ मज़दूरों को खेतो पर लाने ले जाने का काम आता है। ये राजस्थान मध्यप्रदेश में बहुत चलता था लेकिन कुछ कारणों से सरकार ने इस पर रोक लगा दी है।
7 कार+बेल गाड़ी जुगाड़ :-
Belgadi or bmw ka desi jugad
शान की सवारी 

अब इन किसान भाई के मंझे तो देखो लग्जरी बेल गाड़ी और कार दोनों के मजे एक साथ ले सकते है। वो भी बिना डीजल का ख़र्चा किये हुए।
8 गेहू इक्क्टा करने का जुगाड़ :-
My kisan dost ke best desi jugad
धान इक्क्ठा  करने का जुगाड़ 

यह बहुत ही सरल और सस्ता जुगाड़ है जिसमे बॉस की लकड़ी को सीढ़ी की तरह बना कर गेहू इक्कठे किये जाते है सिर्फ 2 मजदूर मिलकर 5 मजदूर का काम एक साथ कर सकते है आप इसका वीडियो इस लिंक को ओपन कर के भी देख सकते है। गेहू इक्कटा करने वाला जुगाड़ वीडियो
9 प्याज़ के लिए cold storeg का जुगाड़:-
प्याज को सड़ने से बचाने का देसी तरीका
देसी तकनीक पर बना coldstoreg

mp के धार जिले के किसान रवि पटेल ने देशी तकनीक का उपयोग कर प्याज़ को सड़ने से बचाने के लिए एक प्याज़ कोल्ड स्टोरेज बनाया है। जिसमे रवि ने एक्जास्ट फखे को लोहे के ड्रम लगाकर बनाया जिस से प्याज़ को सब तरफ से हवा मिल सके इनकी ये तकनीक इंटर नेट पर काफी फेमस हुई। आप पूरी स्टोरी नेट पर सर्च कर के भी पड़ सकते है।
10 mobaile से मोटर पंप स्टार्ट करने का जुगाड़:-
Tubel ghar bete chalu band krne ka jugad
gps  motar  pump mobaile 

गावो में बार बार लाईट जाने से खेत पर लगे मोटर पंप को चालू करने पर परेशान होकर सागर जिले के केरिया गांव के लाखन पटेल ने एक डिवाइस तैयार किया जिसमे एक सिम mobaile में और दूसरी सिम एक डिवाइस में लगाई जो की खेत पर लगे मोटर पंप के स्टार्टटर को on off करती है। इस जुगाड़ के जरिये लखन पटेल को घर पर बेटे हुए खेत पर लाइट की स्थति का भी पता लग जाता है। और वो अपने मोटर पंप को घर से चालू बंद भी कर लेते है। इससे उनको बार बार खेत पर जाने से छुटकारा मिला साथ ही सिचाई भी अधिक हुई।आज market में कई सारी कम्पनियों ने इस तकनीक को लांच कर दिया है। जिसे gsm कंट्रोलर के नाम से जाना जाता है।
ये तो सिर्फ कुछ ही जुगाड़ के बारे में ही हमने आज इस पोस्ट में जाना पुरे भारत में इसे ना जाने कितने जुगाड़ है। जो आवश्यकता के अनुरूप बनाये जाते आ रहे और बनते जायेगे यदि आपके आसपास भी ऐसा कोई जुगाड़ जिससे किसान दोस्तों को लाभ मिल सके तो आप हमें जरुर लिखे आप comment में या हमें contact us में जा कर हमे मेल करे।
और मित्रो यदि आपको my kisan dost पर दी गयी जानकारिया अच्छी लगती है तो हमें जरुर बताये और हमारा फेसबुक पेज जरुर like करे।

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Thursday, July 21, 2016

my kisan dost

प्याज और लहसुन को लम्बे समय तक सुरक्षित केसे रखे। प्याज का भंडारण केसे करे।

हेल्लो दोस्तों नमस्कार जब से मेने www.mykisandost.com की शुरुवात की है। तब से प्रतिदिन कई सारे किसान दोस्तों से मेल और फेसबुक के जरीये बातचीत होती रहती है। बहुत सारे सवाल और सुझाव भी मिलते है। मेरी हमेशा कोशिश रहती है। की में आप लोगो की समस्या का समाधान करु। जो जानकारी मेरे पास नही होती है वो में अपने मित्रो विशेषज्ञों से या अन्य स्तोत से इक्कठा कर के आप तक पहुचाता हु। में खुद एक किसान हु इसलिए अपने खेतो में व्यस्त होने के कारण कही बार समय पर आप से बात नही हो पाती है। लेकिन जेसे ही में फ्री होता हु आपके सवालो के जबाब देने का प्रयास करता हु और करता रहूगा।
आज की इस पोस्ट में हम बात करेगे की

pyaaj or lahsun ka sahi tarike se storege kese kre!

यह सवाल मुझे कई सारे लोगो ने पूछा है। और देखा जाये तो सही तरीके से सुरक्षित भंडारण ही किसानो को अपनी उपज का सही मुल्य दिलवा पाता है। क्यों की पूरी महनत करने के बाद यदि अच्छी फसल घर पर सड जाये या ख़राब हो जाये तो किसान को बहुत ठेस पहुचती है।
प्याज और लहसुन एक इसी फसल है जो एक समय बाद ख़राब तो होना ही हे लेकिन यदि कुछ उपाय किसान दोस्त कर ले तो उन्हें थोड़े ज्यदा समय तक सुरक्षित रख सकेगा। और अच्छे भाव पर बेच कर  मुनाफा ले पायेगा।
प्याज लहसुन (pyaaj lahsun) को किन किन तरीको से सड़ने से बचाया जा सकता है।:-

1 परिपक्व अवस्था में निकाले:- 

अक्सर देखा गया है की किसान भाई खेती का काम जल्दी से निपटाने के चक्कर में लसुन प्याज के सल्कंद को पूरी तरह बिना पके हुए ही निकाल देता है। जिसके कारण कन्द के अन्दर खाली जगहा बच जाती है। जो की बाद में गर्मी और नमि के प्रभाव में आकर सडन आदि पैदा हो कर सड़ने लगता है।
इस स्थति से बचने के लिए कन्द के उपरी तने यानि सतह से उपरी भाग को 80% तक सूखने के बाद ही निकाले इस स्थति में पोधे का तना मुड़कर जमीन की और हो जाता है तब निकाले।

2 लहसुन की कटाई के समय दे ध्यान:-

lahsun store krne ka tarika

यदि आपके पास पर्याप्त जगहा हो और आप लहसुन को ज्यदा समय तक सुरक्षित रखना चाहते हो तो उन्हें तने से कन्द को न काटे जब जरूरत हो तभी काटे उन्हें एक गुच्छे में बांध कर फेला कर रख दे।
यदि कटाने की आवश्यकता हो तो सबसे पहले उन्हें 8- 10 दिन तक अच्छी धुप में सूखने दे कंद की जड अपने आप सुख कर बिखर जाये तब तक सूखने दे फिर कंद से तने के बिच में 2 इंच की दुरी रख कर ही काटे ताकी उनकी परत हिटने पर कालिया बिखरे नही।और वो ज्यदा समय तक सुरक्षित रहे।

3 छटाई करते समय:-

प्याज लहसुन के कंद की छटाई करते वक्त दाग लगे हुए कंद को अलग निकाल दे कई बार हल कुदाल पावडि से कंद को चोट लग जाती है। बाद में दागी कंद में सडन पैदा हो कर अन्य कंदों में भी सडन पैदा करने लगते है।

4 छोटे स्थर पर भंडारण:-

pyaaj lahsun bhandarn kese kre

मेरा हमेशा से प्रयास रहता है की में छोटे स्थर के किसानो को ध्यान में रख कर पोस्ट लिखू ताकि उन्हें कम लागत में ज्यदा मुनाफा हो सके।
आप प्याज और लहसुन भंडारण के लिए बाज़ार से एक जाली जिसके छेद एक इंच के लगभग हो उसे गोलाई में अंदर से अन्दर 3 फिट घुमा ले जली की लम्बाई 5 फिट तक रहे। जेसा की चित्र में बताया गया है। फिर एक छेद वाला लोहे का पाइप जिसके 3 या चार जगहा दुसरे छोटे पाइप लगे जो की जली को पकड कर रखते हो उस पाइप को जाली के बीचो बिच रख कर जली को चारो और से तार से बाध दो फिर जमींन की सतह पर टहनिया या लाल तुअर की टहनी बिछा दो ताकि हवा मिलती रहे फिर उस पर जाली रख कर प्याज लहसुन को जली में भर दो ध्यान रहे जिस जगह जाली में प्याज भर रहे हो उस जगहा हवा का प्रवाह होता रहे और वो जगहा ठंडी हो।

5 बड़े स्थर पर प्याज लहसुन भंडारण:- 

onian storege 50mt
क्षमता 50 मेट्रिक टन

यदि आप बड़े स्थर पर प्याज भंडारण बनाना चाहते हो तो जेसा मेने बनाया वैसा आप बना सकते हो उसमे अनुमानित लागत 3 लाख 65 हजार तक आ जाती है। इसको बनाने के लिए 9 खड्डे 2×2फिट के एक कतार में खड्डे से खड्डे की दुरी 7 फिट रखे इसी 4 कतार बनाये कुल मिला कर 48 खड्डे में आर सी सी के बीम भरवाए  जो सतह से 2.5 फिट ऊपर रहे बीम 8by10 में बनवाए। बीम यानि कालम। कालम से कालम के अनदर की दुरी 5 फिट रखे फिर उनमें लोहे के पोल लगवाए फिर उसमे सब तरफ जाली लगावाए जेसा की फोटो में दिया गया है! आप फोटो देख कर आसानी से समज गये होगे यदि कई कोई दिक्कत लगे यो आप मुझे comment में भी पुछ सकते है। 
यदि आपको इस जाली दार भंडारण में आवश्यकता हो वहा पर एक्सास फेन भी लगा सकते हो।

6 जाली वाले भंडारण का उपयोग केसे और कब ले:- 

मित्रो अपनी फसल का भंडारण तभी करना चाहिए जब फसल का भाव कम हो। प्याज लहसुन को जब गर्मी की शुरवात होने लगती है उस समय यानि अप्रेल से जून के प्रथम सप्ताह तक ही करना है। क्यों की मानसून आने के बाद ठंडी हवा चलती हे जिसके कारण वातावरण में नमी आ जाती हे और वो कन्द को ख़राब करती हे बरसात पूर्व प्याज और लहसुन को जाली वाले भण्डार से निकाल कर जालीदार बेग में भरे और उन्हें किसी ठन्डे हवा निकास युक्त कमरे में रखे।परन्तु नमी न लगे ध्यान रखे।

7 भंडारण की कुछ और महत्वपूर्ण सावधानिया:-

मित्रो ऐसा नही है की आपने जाली या बताये गये तरीके से भंडारण कर के बे फ़िक्र हो जाये समय समय पर अपने माल को देखते भी रहे कही से भी बदबू आती है तो उस जगह से लसुन प्याज को देखे यदि कोई प्याज या लहसुन ख़राब हो रही हो तो उसको अलग निकाल दे अन्यथा वह अन्य उपज को भी ख़राब कर देता है। क्यों की इनमे होने वाले बेक्टीरिया अपना विकास तेजी से करते है ओर सब तरफ फेल कर उपज को ख़राब कर देते है। इसलिए 45 दिन के भीतर कंद को देखते रहे।
जब भी प्याज लहसुन को बोरियो में भरे तो उनकी एक के ऊपर एक थप्पी ना लगाये। उन्हें एक कतार से जमीन से थोडा उच्चा रखे ऊपर रखने के लिए आप लकड़ी के गत्ते का उपयोग भी कर सकते है।ताकि इन्हें बेग के निचे से उन्हें हवा मिलती रहे।

8 क्या शासन की कोई योजना है:-

अभी मध्यप्रदेश सरकार ने प्याज भंडारण के लिए योजना चलाई थी जिसमे 3लाख 60 हजार के प्याज भण्डार ग्रह बनाने पर 50%तक अनुदान था जो की उधानिकी विभाग के जरिये जारी की गयी थी। आप अपने जिले के क्रषि से सम्बन्धित विभाग से जुड़े रहे और जानकारी लेते रहे जब भी कोई योजना आये तो लाभ ले सके।
    इन विधिओ के अलावा भी और कई सारी विधि भंडारण की होगी जेसे जेसे मुझे जानकारी मिलेगी में माय किसान दोस्त के माध्यम से आपको अवगत करता रहुगा यदि आपके पास भी इसी कोई जानकारी हो जिससे हम भारतीय किसान दोस्तों को फाइदा हो सके तो मुझे जरुर लिखे आप मुझे comment फेसबुक और ईमेल [email protected] पर भी जानकारी भेज सकते है। और मित्रो इस जानकारी को अपने दोस्तों में watsapp फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया में शेयर जरुर करे ताकि किसानो को फ़ायदा हो सके। ये पोस्ट शेयर करने के लिए आप निचे दिए गये शेयर बटन का उपयोग करे।

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Saturday, May 28, 2016

my kisan dost

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Online jamin ki jankari kese nikale 

जमीन की जानकारी केसे पता करे।

दोस्तों आज का युग internet का है। और भारत अब digital inida की तर्ज पर सभी विभागों को और जानकारियों को online कर रहा है। ताकि नागरिको को घर बेठे सभी जानकारिया मिल सके। आपने एसी कई webside देखी होगी जिसमे आप घर बेटे shoping कर सकते हे। जेसे amzon,Snapdeal, आदि।
और दोस्तों हम किसानो के लिए बात करे तो अब बहुत सी mandiya digital mandi बन रही है। और भी कई सारे विभाग जेसे क्रषि विभाग,सिचाई विभाग,पशु पालन, उधानिकी विभाग की webside बनी हुई है। और ऑनलाइन जानकारी देते है।kisano ko jankari dene के लिए kisan help line और किसान काल सेंटर my kisan dost आदि पर भी aadhunik kheti or nai taknik se kheti ki jankari hindi में दी जाती है।
दोस्तों किसान का हर काम अपने खेत से जुडा हुआ रहता है। इसलिए उसे अपने खेत की पूरी जानकारी होना जरुरी होता है। आज की पोस्ट में में आपको आपके खेत की जानकारी घर बेठे केसे प्राप्त करे बताउगा। ताकि आपको खेत की खसरा नकल नक्शा और किस  बेंक का ऋण है। इस के बारे में जानकारी मील सके।यह जानकारी मध्यप्रदेश के लिए है। 

Apni zamin ki jankari kese le jane tarika

सबसे पहले आप m.p. govt की webside 
http://landrecords.mp.gov.in/ पर जाये जेसे ही आप इस साइड पर जायेगे आपको मध्यप्रदेश शासन की भूअभिलेख एवं बंदोबस्त के होम पेज दिखेगा। उसमे साइड के बीचो बिच मध्यप्रदेश का नक्शा दिखेगा जिसमे अलग अलग कलर में mp के सभी जिले दिखेगे  अब आप आपका जिला चुने उस जिले पर cilik करे जेसे ही आप अपने जिले पर ok करेगे आपके सामने उस जिले की जितनी भी तहसील हे वो आपके सामने आ जाएगी उसमे से आप आपकी जो भी तहसील हो उसे सलेक्ट करे।
उसके बाद में आपके सामने हल्का आ जायेगा यानी आप अपने गाव को चुनिये।गाव चुनने के बाद आपके सामने विकल्पई आयेगे के आप किस तरह देखना चाहेगे
1 खसरा नाम के अनुसार
2 खसरा नंबर के अनुसार
3 खसरा खाते के समस्त
4 किश्त बंदी खेतानी 
5 एरया सम्बधित रिपोर्ट 
6 भूमि का प्रकार 
7 शासकीय नंबर की सुची
8 भूमी का ब्यौरा
9 फसल का ब्यौरा 
आप इनमे से जो विकल्प ठीक लगे चुने यदी आपका गाव छोटा है। तो आप खसरा नाम के अनुसार भी आसनी से देख सकते है। फिर आप उसको सलेक्ट करोगे तो आपके सामने फिर सभी खातेदारों की लिस्ट आ जाएगी आप अपना नाम सलेक्ट करे और ओके करे उसके बाद आपके सामने दस्तावेज की जानकारी दिखने लगेगी ।

आप यहाँ सलेक्ट कर के सीधे mplend record की साइड पर जा सकते है।

और नक़्शे के लिए आप 

यहाँ सलेक्ट करे और नक़्शे की साइड पर जाये।

राजस्थान में रहने वाले किसान भाई अपनी ज़मींन की जानकरी ऑनलाइन देखेने के लिए ऊपर दी गयी प्रोसिसर को अपनाये वो अपनी जमींन की नकल निकलने के लिए निचे दी गयी लिंक को खोले फिर अपने जिले का चुनाव करे फिर जिले में लगने वाली तहसील को ओके करे बाद में अपने गाव को सलेक्ट करे फिर खसरा अनुसार या अपने नाम के 3 अक्षर हिंदी में tyap कर के नक़ल को आसानी से ले सकते है।

दोस्तों आपको ये पोस्ट केसी लगी हमें कमेंट में जरुर बताये। साथ ही ताज़ा updets पाने के लिए पूरा तरीका देख कर email subcraibe करे।
और आप अगर फेसबुक का उपयोग करते हो तो हमारे पेज

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किसान दोस्तों ये पोस्ट भी पढ़े।

घर पर सब्जियों का गार्डन केसे बनाये 

फसल बीमा की जानकारी यहाँ पढ़े।

केसे पता करे आपका पशु बीमार तो नही है।

इसके अलावा किसान दोस्तों आपके घर में टेक्टर ट्रोली मोटरसाइकल,कार,जीप पीकउप  आदि कही तरह के वाहन होगे और उनका बीमा रजिस्ट्रेशन फिटनेस आदि की जानकारी देखेने के लिए आप नीचे दी गयी लिंक को ओपन करे। उसमे अपने वाहन के Registration No,Engine No,या Chassis No. जो भी आपके पास हो उन्हें सही तरीके से बिना स्पेस दिए  उदा. मान लो आपके वाहन के no mp 44 m 1300 है तो उन्हें MP44M1300 लिख कर submit करना है।इसी तरह दुसरे विकल्प में भी कर सकते हो फिर आपके सामने aapke vahan ki puri jankari ek link me दिखेगी उस में आप जो जानकारी देखना चाहते हो उस पर सलेक्ट करे जेसे बिमा history फिटनेस modal आदि 
Vehicle Registration Search के लिए आप निचे दी गयी लिंक से M.P. के वाहन की जानकारी मिल जाएगी 

अपने VEHICLE की जानकरी के लिए ओपन करे


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Thursday, April 7, 2016

my kisan dost

fasal ki surksha ke liye किसान खुद केसे बनाये light trap की पूरी जानकारी

हेल्लो दोस्तों ।नमस्कार दोस्तों मेंरा हमेशा यही प्रयास रहता हे ।की में किसानो के लिए नई जानकारी,खेती की नई तकनीक और आधुनिक तरीके से खेती केसे करे। इन विषय पर कुछ न कुछ पोस्ट लिखु। और में लगातार प्रयास कर के लिखता रहता हु। आशा है आपको ये पोस्ट भी पसंद आएगी।
आज की इस पोस्ट में हम जानेगे की फसल की सुरक्षा केसे करे। बिना रासयनिक दवाइयों के।
किसान के लिए सबसे बड़ी मुसीबत होती है। फसल के ऊपर किट पतगो कीड़ो मक्खियो द्वार फसल को शुरुवाती दोर में ही चोपट करना।इन्हें रोकने के लिए किसान हजारो रूपये की रासायनिक दवाईयो का छिडकाव कर देता है। फिर भी मनचाहे परिणाम नही मिल पाता है।
इन कीड़ो से फसल को बचाने के लिए
 हम लाइट ट्रेप के बारे में जानेगे।
किसान खुद लाइट ट्रेप केसे बनाये।
हम लाइट ट्रेप का प्रयोग केसे करे।
सबसे पहले हम जानेगे की
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Tuesday, March 29, 2016

my kisan dost

khet ki rakhwali ke liye किसान Solar Power Fencing का उपयोग kese kre

हेल्लो दोस्तों नमस्कार।
 दोस्तों मेरी हमेशा यही कोशिश रहती है की में आपके लिए हर बार कुछ अलग प्रकार की जानकारी ला कर यहाँ पर पोस्ट करू । ताकि हम सब किसान भाइयो का अधिक से अधिक लाभ हो सके। दोस्तों आपसे निवेदन हे की मेरी पोस्ट पड़ने के बाद आप अपने विचार comment box में जरुर दे। ताकि मुझे भी इस बात का अहसास हो की आपको मेरी पोस्ट पसंद आती है। या नही। और आपकी राय से मुझे अवगत कराए की आपकी रूचि किस प्रकार की जानकारी में है। ताकि हम उस विषय पर आपको जानकारी देंने का प्रयास कर सके।
आज की इस पोस्ट में हम बात करेगे की खेत और फसलो की सुरक्षा केसे करे। मित्रो किसान दिन रात महीनो मेहनत करने के बाद अपनी फसल को बड़ा कर पाता है। लेकिन अगर वो थोड़ी देर के लिए भी अपने खेत से दूर जाता है। तो वन्यजीव और अन्य पशु जेसे नीलगाय j(rojda)बंदर,हिरण,जगली सुवर,गाय,बकरी फसलो को बर्बाद कर देते है। और  फसल चोपट कर देते हे। इसे में किसान को दिन रात खेत पर रखवाली करना पड़ती है। इन janvaro se apni fasal ko bachane ke liye  किसान कुछ परम्परागत उपाय करता है जेसे काटेदार तार फिसिंग,बाड बनाना,पत्थर की दीवाल बनाना खाई खोदना कपडे की दीवाल बनाना और भी बहुत कुछ करता ।लेकिन उसे पूर्णतया सफलता नही मिल पाती है।
पशुओ से खेत की रखवाली के लिए
आज की पोस्ट में हम एक नई तकनीक सोलर फेंसिंग के बारे में जानेगे।

Solar Power Fencing क्या है ?

सोलर पावर फेंसिंग में खेत के चारो तरफ स्टील के तार की बाउंड्री बना कर उसमे डी सी करंट थोड़े थोड़े अंतराल में छोड़ा जाता है। जिसके झटके लगने से पशु खेत के पास नही आता हे और मानसिक रूप से उसमे डर बेठ जाता है। साथ ही इसमें एक तेज आवाज का हॉर्न भी लगा सकते है। जिससे किसान को पता चलता हैं। की खेत की बाड के कोई सम्पर्क में आया है।
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Friday, March 18, 2016

my kisan dost

bina khet or mitthi ke kheti krne ka aadhunik tarika Hydroponics खेती की नई तकनीक जाने

bina khet or mitthi ke kheti krne ki takanik jane hini me.

नमस्कार मित्रो। पोस्ट का tital देख के आप सोच रहे होगे की बिना खेत और बिना मिट्ठी के खेती केसे करे। लेकिन ये बात बिलकुल सच है। यदि आप खेती करना चाह रहे हो और आपके पास खेत नही हे फिर भी आप आधुनिक तरीके अपना कर अच्छे से खेती कर सकते हो।दुनिया में बहुत से इसे देश हे जहा पर उपजाऊ जमीन नही है। लेकिन खाने के लिए तो उन्हें भी सब्जिया फल अनाज आदी चाहिये। वो सभी देश आधुनिक तरीके अपना कर खेती कर रहे हे।
बिना खेत के खेती का आधुनिक तरीका
आज हम उन में से जो एक तरीका है Hydroponics तकनीक उस पर बात करेगे। और जानेगे की क्या हैHydroponics ।
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Thursday, March 3, 2016

my kisan dost

jamin me paani ko khojne ke liye डाउजिंग विधि underground watar detect method

Zamin me pani dudhne ke liye dawsing vidhi

नमस्कार दोस्तों पिछली पोस्ट में मैंने बोरवेल ट्यूबवेल लगाने के लिए जमीन में पानी कैसे खोजें पर एक पोस्ट लिखी थी। 
जमीन में पानी कैसे खोजे पोस्ट पड़ने के लिए क्लीक करे ↙ सभी पोस्ट में सबसे ज्यादा उसी को देखा गया। और most popular पोस्ट रही।
उस पोस्ट में मैने पानी देखने की जिन जिन विधियों के बारे में बताया था वो थी।
1 dawsing विधि( डाउजिंग)
2 नारियल विधि
3 जोतिष्य विधि
4 वनस्पति विधि
जिसमे पेड़ पोधों से पता करते है। लेकिन सारी विधिया की केवल छोटे रूप में बताई थी।
dowsing vidhi
dowsing सिस्टम 
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Monday, February 1, 2016

my kisan dost

Kese kre borvell ko recharge (बोरवेल को रिचार्ज करने का तरीका) kyaa aap jante he nhi to jarur pade

borvell tubel recharge kese kare
बोरवेल को रिचार्ज कैसे करे 

                           बोरवेल को रिचार्ज करने का तरीका

दोस्तों जैसा की हम सब जानते की वर्तमान समय में जमीन के अंदर पानी का लेवल लगातार नीचे जा रहा है। ऐसे में जहाँ पहले जमीन के अंदर पानी 200 से 400 फिट गहराई पर मिल जाता था।लेकिन आज वो ही पानी 700 और 100 फिट तक भी मिल पाना मुश्किल होता जा रहा हे। इसका मुख्य कारण है। निरन्तर बोरवेल से जल का दोहन करना।ऐसे में निरंतर जल स्थर का घटना यदि यही स्थिति रही तो आने वाले समय में जमीन में पानी ढूढ़ना जेसे गधे के सिर पर सिंग ढूढ़ना। हो जायेगा
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Thursday, December 17, 2015

my kisan dost

नीलगाय रोजड़ा से फसलो को कैसे बचाये । unhe kheto se kese bhgaye

  • नील गाय रोजड़ा से फसलो को कैसे बचाये
nil gay,rojde, se fasl surksha
nil gay se fasl nuksan 


नील गाय बरसों से किसानों की फसलो को बर्बाद करती आ रही है। लाखों किसान नील गाय यानि रोजडे के आतंक से परेशान हो रहे है।आज यदि किसानों का कोई सबसे बड़ा दुश्मन माने तो वो नील गाय है। किसान बड़े जतन कर के hybirid बीज बोता है।  और पानी की कमी होते हुए भी 10 से 12 बार सिंचाई कर के अपनी फसल को बड़ी करता है। लेकिन एक रात में ही सब की गयी मेहनत और हजारों की लागत  पर नील गाय बर्बाद कर देती है। बेबस किसान को बरसते  पानी और कड़ाके की सर्दी में रात रात भर खेतो की रखवाली करनी पड़ती है। ऐसे में किसान कई तरीके से अपनी फसल को बचाने के जुगाड़ करता है। तो आज हम जानेंगे की नील गाय रोजड़ा क्या है और इससे कैसे कैसे फसलो को बचाया जा सकता है। और इसमे शासन की क्या भूमिका है।
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Monday, December 7, 2015

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बोरवेल tubel लगाने के लिए जमीन में पानी कैसे और कहा पर खोजे टोटके विधि आस्था या अन्धविश्वास

"बोरवेल tubel लगाने के लिए JAMIN ME PANI KHOJNE KE TARIKE"

zamin me pani ka pata kese lagaye
बोरवेल खनन 

खेती करने के लिए सबसे महत्वपूर्ण  होता है। पानी  और कहा गया है  की  जल ही जीवन है। बिना जल के जीवन की कल्पना करना भी व्यर्थ है। वर्तमान समय में जल स्तर काफी नीचे चला गया है। और बहुत से किसानों को बोरवेल  tubel से ही सिंचाई होती है। लेकिन जमीन के अंदर कहा पानी मिलेगा ? कैसे पानी का पता लगे ? कितना गहरा पानी है। ये जिज्ञासा हमेशा बनी रहती है  और ये मनुष्य का स्वभाव भी है।  
इसी जिज्ञासा के चलते कई तरीके के टोटके और आविष्कार भी सामने आयें है। इनमें से पानी खोजने के लिए एक विधा dawsing  भी है।

Dawsing kya hai 

डाउजिंग का प्रयोग कई क्षेत्रो में किया जाता है।  जैसे चिकित्सा के क्षेत्र में भूमि गत नदियों का पता लगाने में  और काफी समय से इसका इस्तेमाल भूमि गत जल को ढूंढ कर बोरवेल ट्यूबवेल लगाने में भी किया जा रहा है। तो आज हम जानेंगे की डाउजिंग क्या होती है। और कैसे पानी को ढूढ़ने में इस्तेमाल की जाती है।
इसके उपकरण में एक लकड़ी की छड़  होती है।  जिसका आकार इंग्लिश के वाय ( Y ) अक्षर के जैसा होता है। अब इसका प्रयोग करने वाले लकड़ी के दोनों हिस्सों को अपनी हथेली में पकड़ के जमीन के ऊपर नंगे पाँव घूमते है।जिस भी स्थान पर पानी की संभावना होती है।  वो लकड़ी हलचल में आ कर घूमने लगती है। जहाँ पर लकड़ी जोरों से घूमती है तो उस स्थान पर वो लोग पानी होने का दावा करते है।और 80 प्रतिशत सफलता भी मिलती है। लेकिन लगातार  जल स्तर कम होने की वजह से कई बार उनके दावे भी सच नही हो पाते है।

डाउजिंग की पूरी जानकारी यहाँ पढे।

इसके अलावा एक और पानी ढूंढने की विधि होती है।  जिसमें
नारियल का प्रयोग किया जाता है।

NARIYAL VIDHI (coconut)


नारियल का प्रयोग दो प्रकार से करते है। 
✒1 हथेली पर नारियल को सीधा रखा जाता है।  जहाँ भी पानी होने की संभावना होती है। उस स्थान पर नारियल हथेली पर अपने आप खड़ा हो जाता है। फिर उसी स्थान को बोरवेल लगाने के लिए चुना जाता है।  
✒2 तरीके में नारियल के ऊपर अगरबत्ती घूमा कर जमीन पर एक जगह रख कर उसके ऊपर एक व्यक्ति को बिठा या जाता है। दूसरा व्यक्ति अगरबत्ती ले कर जमीन पर नंगे पाँव घूमता है। जहाँ भी पानी की सम्भावना होती है। नारियल पर बेटा व्यक्ति घूमने लगता है। 
नारियल के अलावा और भी एक विधि है।
✒3 उसमें जिन जिन स्थानों पर पानी होने की सम्भावना लगती है। उन 4 या 5 स्थानों का चयन कर के नए समान आकर वाले मिट्टी के कुल्हड़ में पूर्णिमा की रात में पानी भर के। उन पर मिटटी के ढक्कन से ढाक कर उन चयनित स्थानों पर रख दिए जाते है।दूसरे दिन सूर्योदय के समय उन्हें देखे जो कुल्हड़ पूरा भरा हो वहाँ पानी की ज्यादा सम्भावना होती है।  और जो आधा भरा हो वहा पानी कम और ज्यादा गहराई  पर होता है।जो कुल्हड़ खली होता है। वहाँ पानी की कोई भी सम्भावना नही होती है। इनके अलावा जहाँ पर ख़जूर ,आक बबूल, बेरी,  के पेड़ होते है।  वाह भी पानी की सम्भावना बड जाती है।
इसके अलावा भी ग्रामीण और शहरी क्षेत्रो कई प्रकार के अलग अलग टोटको और विधाओं का प्रयोग करते है।
यह पोस्ट भी ज़रुर पढ़े।।।

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लगातार पानी की कमी और बोरवेल के खर्च ज्यादा होने की वजह से इस तरह के टोटको पर विश्वास करने के लिए किसान को  मजबूर होना पड़ता है।
इस पोस्ट लिखने का मेरा उद्देश्य केवल अपने पाठकों को जानकारी देना है। हम ऐसे किसी भी प्रयोग की सत्यता का दावा नही करते है।     
यदि आपके क्षेत्र में भी ऐसा कोई प्रयोग होता है। तो हमें जरूर लिखे और अपनी राय जरूर बताये 
साथ ही हमारे पेज को लाइक और subcraib करना ना भूले kisaan dost 
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